मध्य प्रदेश

ग्वालियर में राधाकृष्ण ने पहने 100 करोड़ के हीरे-मोती के गहने, fb पर कीजिए Live दर्शन

ग्वालियर का ये मंदिर सिंधिया घराने ने बनवाया था

इस बार कोरोना (corona) के कारण भक्त इस मंदिर (mandir) में नहीं आ रहे हैं. उनके लिए नगर निगम ने फेसबुक पर लाइव दर्शन की व्यवस्था की है.

ग्वालियर.ग्वालियर (gwalior) में जन्माष्टमी के मौके पर गोपाल मंदिर (gopal mandir) में भगवान राधाकृष्ण का 100 करोड़ रुपए से ज्यादा के गहनों से श्रृंगार किया गया है. जन्माष्टमी के दिन साल में एक बार राधाकृष्ण का रियासतकालीन गहनों से श्रृंगार किया जाता है. राधाकृष्ण के इस सजीले श्रृंगार का दर्शन करने भक्त दूर दूर से आते हैं. लेकिन इस बार कोरोना के कारण फेसबुक पर इनके दर्शन की व्यवस्था की गयी है.

सिंधिया राजा ने बनवाया था मंदिर
सिंधिया राजवंश ने फूलबाग में गोपाल मंदिर का निर्माण कराया था. सन 1921 में सिंधिया रियासत के  तत्कालीन महाराज माधवराव ने इस मंदिर का जीर्णोद्धार कराया. भगवान राधा कृष्ण के लिए सिंधिया राजाओं ने गहने बनवाएं. आज़ादी के पहले तक इस मंदिर की देखरेख सिंधिया रियासत के लोग करते थे. आज़ादी के बाद सिंधिया राजवंश ने ये गहने भारत सरकार को सौंप दिए थे. नगर निगम ने इन गहनों  को बैंक लॉकर में रखवा दिया.

2007 से शुरू हुई श्रृंगार की परंपरासाल 2007 में नगर निगम आयुक्त पवन शर्मा ने गोपाल मंदिर में जन्माष्टमी के दिन भगवान राधाकृष्ण की प्रतिमाओं का इन गहनों  से श्रृंगार कराने की परंपरा शुरू कराई. राधाकृष्ण 100 करोड़ से ज्यादा के गहने  पहनते हैं लिहाजा यहां कड़ी सुरक्षा रहती है.

फेसबुक पर दर्शन
नगर निगम कमिश्नर संदीप माकिन ने राधाकृष्ण के श्रृंगार के बाद परम्परागत आरती की. इस दौरान निगम अधिकारी और मंदिर समिति के लोग मौजूद थे.  इस बार कोरोना के कारण भक्तों को मंदिर में प्रवेश नहीं दिया गया है. निगम के फ़ेसबुक पेज पर लाइव दर्शन की व्यवस्था की गई है. हालांकि कुछ भक्त मंदिर पहुंचकर गोपाल मंदिर के शिखर दर्शन कर रहे हैं.

ये जेवरात पहनते हैं राधाकृष्ण
-हीरे-जवाहरात से जड़ा स्वर्ण मुकुट

– पन्ना और सोने का सात लड़ी का हार
– 249 शुद्ध मोती की माला
– हीरे जड़े कंगन
– हीरे और सोने की बांसुरी
– प्रतिमा का विशालकाय चांदी का छत्र
– 50 किलो चांदी के बर्तन
– भगवान श्रीकृष्ण और राधा के झुमके
– सोने की नथ
-कंठी, चूडियां, कड़े




Source link

Tags

Related Articles

Back to top button
Close